Bombay Velvet Budget Collection: रणबीर कपूर का लुक या गलत रिसर्च? ‘बॉम्बे वेलवेट’ फ्लॉप पर अनुराग कश्यप ने तोड़ी चुप्पी
Bombay Velvet Budget Collection: अनुराग कश्यप ने ‘Bombay Velvet’ की नाकामी पर चौंकाने वाला खुलासा किया। रिसर्च के मुताबिक रणबीर कपूर का हेयरस्टाइल बना फ्लॉप की वजह। पढ़ें पूरी कहानी।
Bombay Velvet Budget Collection: बॉक्स ऑफिस पर उम्मीदें और हकीकत की टक्कर
बॉलीवुड में कई ऐसी फिल्में रही हैं, जिनसे रिलीज से पहले आसमान छूती उम्मीदें जुड़ी थीं, लेकिन सिनेमाघरों में उतरते ही वे औंधे मुंह गिर पड़ीं। साल 2015 में रिलीज हुई Bombay Velvet भी ऐसी ही एक फिल्म थी। बड़े बजट, दमदार स्टारकास्ट और अलग सोच के बावजूद यह फिल्म दर्शकों से वह कनेक्शन नहीं बना पाई, जिसकी उम्मीद की जा रही थी। समय के साथ यह फिल्म बॉलीवुड की सबसे चर्चित नाकामियों में गिनी जाने लगी।
अनुराग कश्यप का चौंकाने वाला खुलासा
करीब एक दशक बाद फिल्म के निर्देशक Anurag Kashyap ने ‘स्क्रीन’ को दिए एक इंटरव्यू में ऐसा खुलासा किया, जिसने सबको हैरान कर दिया। अनुराग के मुताबिक, फिल्म के फ्लॉप होने के बाद स्टूडियो की ओर से एक रिसर्च करवाई गई, ताकि यह समझा जा सके कि ‘बॉम्बे वेलवेट’ दर्शकों को क्यों नहीं भा सकी।
रिसर्च रिपोर्ट में जो निष्कर्ष निकला, वह किसी के भी लिए चौंकाने वाला था—दावा किया गया कि दर्शकों को रणबीर कपूर का हेयरस्टाइल पसंद नहीं आया और यही फिल्म के न चलने की सबसे बड़ी वजह बन गया।
हेयरस्टाइल बना सबसे बड़ा विलेन?
अनुराग कश्यप ने बताया कि रिपोर्ट के अनुसार रणबीर के घुंघराले और स्टाइलिश बालों वाला लुक दर्शकों को अटपटा लगा। कथित तौर पर लोगों को यह लुक इतना खटका कि वे थिएटर तक जाने से कतराने लगे।
अनुराग ने इस तर्क को पूरी तरह बेतुका बताया। उनके शब्दों में, किसी फिल्म की किस्मत सिर्फ हीरो के बालों पर टिक जाना हैरान करने वाली बात है। दर्शक कहानी, ट्रीटमेंट, निर्देशन या प्रस्तुति को नापसंद कर सकता है—यह समझ में आता है, लेकिन हेयरस्टाइल को फ्लॉप का कारण बताना उनके लिए भी अजीब था।
रणबीर कपूर का नजरिया
इस बातचीत में अनुराग कश्यप ने यह भी बताया कि Ranbir Kapoor खुद का जिक्र पसंद नहीं करते। रणबीर इस फिल्म की नाकामी से काफी आहत थे और चाहते हैं कि इस अध्याय को यहीं खत्म कर दिया जाए।
अनुराग के अनुसार, रणबीर अक्सर कहते हैं कि फिल्म नहीं चली—यह बात स्वीकार है, लेकिन बार-बार उसी पर चर्चा करने का कोई मतलब नहीं। यह बयान बताता है कि कलाकारों के लिए ऐसी नाकामियां कितनी निजी और संवेदनशील होती हैं।
क्रिएटिव चॉइस थी रणबीर का लुक
अनुराग कश्यप ने साफ किया कि रणबीर का यह लुक किसी मजबूरी में नहीं, बल्कि पूरी टीम की सोची-समझी क्रिएटिव चॉइस था। उस दौर में इसे कहानी और किरदार के हिसाब से सही माना गया था।
दरअसल ‘बॉम्बे वेलवेट’ 1960 के दशक के बॉम्बे की पृष्ठभूमि में बनी थी और लुक, सेट डिजाइन व म्यूजिक तक में एक अलग माहौल रचने की कोशिश की गई थी। मगर शायद यह प्रयोग बड़े पैमाने पर दर्शकों से जुड़ नहीं सका।
स्टारकास्ट और भारी बजट
गौरतलब है कि ‘बॉम्बे वेलवेट’ अनुराग कश्यप की सबसे महंगी फिल्मों में शुमार रही। फिल्म में Anushka Sharma फीमेल लीड में थीं, जबकि Karan Johar ने खलनायक का दमदार किरदार निभाया था।
करीब 115–118 करोड़ रुपये के बजट में बनी इस फिल्म की वर्ल्डवाइड कमाई लगभग 43 करोड़ रुपये के आसपास सिमट गई। नतीजा—यह फिल्म बॉक्स ऑफिस पर बड़ी नाकामी साबित हुई।
नाकामी के बाद वापसी की कोशिश
‘बॉम्बे वेलवेट’ के झटके के बाद अनुराग कश्यप ने खुद को दोबारा संभाला। उन्होंने Raman Raghav 2.0, Manmarziyaan जैसी फिल्मों के जरिए आलोचकों की सराहना बटोरी।
हालांकि, आलोचनात्मक प्रशंसा के बावजूद बॉक्स ऑफिस की बड़ी सफलता उनसे अब भी थोड़ी दूर ही रही। इसके बावजूद अनुराग कश्यप को आज भी हिंदी सिनेमा के सबसे निर्भीक और प्रयोगधर्मी फिल्ममेकर्स में गिना जाता है।
‘Bombay Velvet’ से मिलने वाला सबक
‘Bombay Velvet’ की कहानी यह सिखाती है कि सिर्फ बड़ा बजट, स्टार पावर और अलग सोच किसी फिल्म की सफलता की गारंटी नहीं होते। दर्शकों से भावनात्मक जुड़ाव सबसे अहम होता है।
अनुराग कश्यप का यह खुलासा भले ही चौंकाने वाला हो, लेकिन यह भी सच है कि सिनेमा में कभी-कभी सबसे अजीब कारणों को भी असफलता की वजह बता दिया जाता है। आखिरकार, फिल्म चलती है तो कहानी और दर्शक के दिल के बीच बने रिश्ते से—ना कि सिर्फ हीरो के हेयरस्टाइल से।

Prime News 24 के लेखक एम. एस. सिद्दीकी मनोरंजन और बॉलीवुड से जुड़ी खबरों पर अच्छी पकड़ रखते हैं। वे पाठकों को आसान और साफ भाषा में ताज़ा जानकारी और निष्पक्ष विश्लेषण देते हैं।
